गुड्डू रंगीला

फिल्म - गुड्डू रंगीला
गाना - सूइयां सूइयां
संगीतकार - अमित त्रिवेदी
गीतकार - इरशाद कामिल
गायक - गजेन्द्र फोगत  


कल रात माता का मुझे ईमेल आया है 
माता ने मुझको 
माता ने मुझको फेसबुक पे बुलाया है 
कल रात माता का मुझे ईमेल आया है
कल रात माता का मुझे ईमेल आया है 

चैटिंग शैटिंग करेंगे 
माता से फोटो शेयर करेंगे 
प्रोफिल पिक्चर में माता ने शेर लगाया है 

कल रात माता का मुझे ईमेल आया है 
WWW हो...WWW...
सारे बोलो
WWW हो...,,,WWW...
माता डॉट कॉम माता की वेबसाइट है 
WWW ho... WWW
है दुष्टों से बचने को 
दुष्टों से बचने को....
एंटीवायरस लगाया है

कल रात माता का मुझे ईमेल आया है 
माता ने मुझको..
माता ने मुझको फेसबुक पे बुलाया है 
कल रात माता का मुझे ईमेल आया है
कल रात माता का मुझे ईमेल आया है 



---

फिल्म - गुड्डू रंगीला
गाना - सूइयां सूइयां
संगीतकार - अमित त्रिवेदी
गीतकार - इरशाद कामिल
गायक - अरिजीत सिंह, चिन्मयी श्रीपदा 

दिल मर्द जात है 
बदमाश बात है 
सोचो क्या..सोचूं मैं ?

सर्दी की रात है
एक आग साथ है 
सोचो क्या...सोचु मैं 

दो लफ़्ज़ों की चिंगारियां 
होटों से न छोडो 
यूं बेशर्मी की राह पे 
बातों को न मोड़ो,,,हाय 

हो तन में सूइयां सूइयां सी 
सूइयां सूइयां सी...
अब तो लगी चुभने 
हो तन में सूइयां सूइयां सी 
सूइयां सूइयां सी
लगी लगी चुभने... 

तुझे बहती हवा जो सहलाए रे हाय 
दिल जल के धुंआ हो जाए रे 
मैं तो खुद से खफा हूँ 
मेरी जवानी तेरा ज़रा भी क्यू न 
काम आये रे...हाय रे 
तरसाए रे...हाय रे..

यूं गलत पते पे चिट्ठियां 
भेजूं मैं नैनो की 
तुझे महंगा पड़ेगा जो ये 
हरकत न तूने रोकी 


हो तन में सूइयां सूइयां सी 
सूइयां सूइयां सी 
क्यों है लगी चुभने 
हो तन में सूइयां सूइयां सी 
सूइयां सूइयां सी 
यूं ही लगी चुभने 

बदमाश साथ है 
आगे हवालात है 
सोचो क्या...सोचूं मैं?

सर्दी की रात है 
एक आग साथ है
सोचो क्या..सोचूं मैं?

--

फिल्म - गुड्डू रंगीला
गाना - साहेबान
संगीतकार - अमित त्रिवेदी
गीतकार - इरशाद कामिल 


मेरा है जो भी तू साहेबान
था भी तू...है भी तू..

चलते चलते उड़ना चाहूँ तुमको लेकर 
तुमको ले लूं इस दुनिया से खुद को देकर 

मेरा है जो भी तू साहेबान
था भी तू...है भी तू..

ओ जब तक मैं तेरा न हुआ था 
जैसे की हारा सा जुआ था 
माटी ये मेरी हुई सोना 
तूने जब आँखों से छुआ था 

तेरा गहना पहना
तेरे होक रहना 
झूठा है वो इश्का 
जिसकी कोई ते न 
तुमसा मैं हु बा हु 

मेरा है जो भी तू साहेबान
था भी तू...है भी तू..



Post a Comment

0 Comments